Pariyon Ki Kahani

Pariyon Ki Kahani Latest | नई परियों की कहानी


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Pariyon Ki Kahani | फूल परियां

एक बार की बात है यूरोप के एक शहर में लोरा नाम की एक सुंदर लड़की रहती थी। जो कि अपने माता पिता के साथ एक बड़े ही सुंदर महल में रहती थी। उनके महल  में बहुत से नौकर थे। लोरा का ख्याल एक नर्स रखती थी। जो लोरा की सुंदरता की बहुत तारीफ करती थी। जिससे लोरा बहुत घमंडी हो चुकी थी।

वह अपने माता-पिता के साथ हमेशा अपनी सुंदरता की बातें करती थी। एक दिन लोरा अपने बगीचों में घूम रही थी। जहां उसने बहुत ही सुंदर फूलों को बगीचे में देखा। उन सभी रंग बिरंगी फूलों को देखकर वह बहुत खुश हुई। जोकि बहुत ही अच्छे रंग से भरे हुए और सुगंधित थे।

तभी उसने अपने महल के मुख्य गेट पर एक लड़की को खड़ा देखा जो कि देखने में बहुत गरीब थी और उसके कपड़े भी पुराने और गंदे थे यह देख कर लोरा ने उस लड़की को अपने गेट से जाने के लिए कहा।

उस लड़की ने लोरा को कहा कि वह उनके बगीचे के सुन्दर फूलों को देख रही हैं। लेकिन लोरा ने उस लड़की को फूलों को देखने से मना किया और भगा दिया। इसके बाद लोरा की नजर अपने बगीचे के कुछ गुलाब के फूलों पर पड़ी।

वह गुलाब के फूलों के पास जाकर कहने लगी कि यह कितने सुंदर है।इनमे से  कितनी अच्छी खुशबू आ रही है। तभी फूलों में से बहुत छोटे आकार की चार परियां निकली जो कि देखने में बहुत ही सुंदर थी।

लोरा ने उन परियों की सुंदरता की तारीफ की लेकिन उनमें से एक परी कहने लगी कि वह बहुत घमंडी लड़की है। जिसने अपने मुख्य गेट पर आई हुई उस गरीब लड़की के साथ बुरा व्यवहार किया और उसे भगा दिया। हमें उसके साथ बात नहीं करना चाहिए।

यह कह कर दो परियां वहां से चली गई। जबकि दो परियां अब भी वहीं पर थी। लोरा को कुछ बुरा लगा लेकिन फिर भी वह परियों की सुंदरता की तारीफ कर रही थी। परियों ने कहा क्या तुम भी परी बनना चाहती हो। हम केवल 15 मिनट के लिए तुमको परी बना सकते हैं। लोरा ने तुरंत इसके लिए हाँ कहा।

Pariyon Ki Kahani In Hindi

इसके बाद परियों ने लोरा परी बना दिया। लोरा भी उन परियों की तरह छोटी हो गई थी लेकिन लोरा के पंख नहीं थे।  परियों ने पंख केवल असली पारियों के होते है। उन दोनों परियों ने लोरा को दोनों हाथ से पकड़ कर अपने साथ उड़ाने लगी।

वह लोरा को लेकर बगीचे में उड़ने लगी इसके बाद वह लोरा को लेकर एक घर में गई जोकि बहुत पुराना था। परियां उस घर के कमरे में रखे फूलों को सुंदर और सुगंधित करने लगी। उस घर में एक लड़की अपनी बीमार मां के साथ रहती थी। वह लड़की कपड़े बनाने का काम करते थे।

उस लड़की ने अपनी मां को लोरा की मां का नाम लेकर कहा कि आज वह एक नई ड्रेस उनको बेचकर आएगी। यदि उस ड्रेस के उसे अच्छे पैसे मिलेंगे तो वह उससे राशन लेकर आएगी। इससे लोरा को पता लग गया कि वह लड़की आज एक नई ड्रेस लेकर आने वाली है जोकि उसकी मां ने लोरा के लिए ही मँगवाई थी।

इसके बाद परियां लोरा को लेकर दूसरे बहुत ही पुरानी और टूटे-फूटे घर में लेकर गई। लोरा ने परियों से पूछा कि तुम मुझे इतने सुंदर बगीचे को छोड़कर इस घर में लेकर क्यों आयी हो परियों ने लोरा से कहा कि हम यहां पर सुंदरता और प्यार बांटने आई है।

परियां वहां पर रखे कुछ फूलों में सुंदरता और सुगंध फ़ैलाने लगी। लोरा ने उस घर में उसी लड़की को देखा जिसको उसने डांट कर अपने मुख्य गेट से भगा दिया था। वहां जाकर उसको पता लगा कि उस लड़की का नाम मार्गरेट था और उसके माता-पिता नहीं है।

वह अपनी आंटी के साथ वहाँ रहती थी। जो मार्गरेट के साथ अच्छा व्यवहार नहीं करती थी। लेकिन जब मार्गरेट ने परियों के द्वारा सुन्दर किये फूलों को देखा तो वह बहुत  खुश हो गई। यह देख कर लोरा ने कहा कि काश मैं भी एक परी होती और मैं भी खुशियां फैला सकती।

यह सुनकर लोरा के साथ आयी दोनों परियों को बहुत अच्छा लगा। उनको पता लग चुका था कि लोरा का घमंड अब चला गया है। उनने लोरा से कहा तुम इंसान हो तुम भी खुशियाँ फैला सकती हो। तब तक लोरा के परी बनने के 15 मिनट पूरे हो चुके थे।

जिसके बाद लोरा अपने असली रूप में आ गई और वह दोनों परियां लोरा को उस लड़की के गेट पर छोड़कर गायब हो गई। मार्गरेट ने जब लोरा को देखा तो पूछा की तुम अपने महल को छोड़कर यहाँ पर क्या कर रही हो। लोरा ने मार्गरेट से कहा की वह रास्ता भटक गयी है क्या वह उसको घर पर छोड़ देगी।

मार्गरेट बहुत ही दयालु लड़की थी। उसने लोरा को उसके घर पर छोड़ दिया। लोरा भी मार्गरेट को अपने महल के अंदर ले गई और उसको अच्छा भोजन कराया। लोरा ने मार्गरेट को कहा कि वह जितने चाहे उतने फूल उसके बगीचे से ले सकती है।

लोरा ने अपने पापा से मार्गरेट को अपने साथ अपने घर में रखने के लिए कहा क्योंकि उसकी आंटी उसके साथ अच्छा व्यवहार नहीं करती। उसके पिता को यह जानकर बहुत खुशी हुई की उनकी बेटी अब बदल गयी है और वह अब दूसरों का ख्याल भी रखने लगी है।

उसके पिता लोरा की इस बात को मान गए। लोरा के घर इसके बाद वही  कपड़े बनाने वाली लड़की लोरा की ड्रेस लेकर उसकी मम्मी के पास आयी। लोरा ने अपनी मम्मी से कहा कि उसको ड्रेस बहुत पसंद है और वह इसके लिए उस लड़की को अच्छे पैसे दे। लोरा की मम्मी ने उस लड़की को ड्रेस के अच्छे पैसे दिए।

लोरा ने कुछ खाने का सामान भी उस लड़की को दिया। लोरा अब जान चुकी थी कि इंसान की बाहरी सुंदरता से ज्यादा अंदर मन की सुंदरता होती है। फूल परियों ने लोरा को बहुत ही अच्छा सबक सिखाया था।

हम उम्मीद करते है की आपको यह फूल परियों की कहानी हिंदी में बहुत पसंद आयी होगी।

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